पितृपक्ष (श्राद्ध सेवा)

*ऋणी रहूंगा अपने पितरों का, जिन्होंने मुगलों के विरुद्ध ७०० और अंग्रेजों के विरुद्ध 190 वर्ष तक धर्मांतरण की लड़ाई लड़ी और मेरी पहचान हिंदू के रूप में रखी। हे परम आदरणीय पूर्वजों !!! सात सौ साल के इस्लामिक राज और दो सौ साल के ईसाई शासन के बाद भी आज हम अपने त्योहार मना […]

Read More पितृपक्ष (श्राद्ध सेवा)

Dev shilpi Lord Vishwakarma ji

सृजन और निर्माण के देवता, भगवान विश्वकर्मा जी की जयंती के पावन अवसर पर आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं।     देवशिल्पी भगवान विश्वकर्मा की कृपा से हम सभी के जीवन में प्रगति, समृद्धि और खुशहाली का मार्ग प्रशस्त हो। उनके आशीर्वाद से हम सभी समाज तथा राष्ट्र के उत्थान में निरंतर योगदान देते रहें।

Read More Dev shilpi Lord Vishwakarma ji

🌹🌹पद्मभागवत पद रत्नाकर 🌹 🌹

पद संख्या 476 🌹 जय जय श्री राधे 🌹🙏🌹 🌹श्याम हमारे तन-मन-धन हैं, श्याम हमारे जीवन-प्रान।श्याम हमारे अङ्ग-अङ्गमें, रोम-रोममें बसे महान॥ 🌹श्याम मिले ही रहते हैं नित, नहीं छोड़ते हैं पल एक।घरमें, वनमें, भीतर-बाहर, सदा साथ रहते रख !! टेक॥ 🌹 स्वप्न-जागरण, भोग-योगमें घुले-मिले रहते हैं नित्य।साथ खेलते, साथ विहरते, सदा साथ सोते हैं सत्य॥ […]

Read More 🌹🌹पद्मभागवत पद रत्नाकर 🌹 🌹

पंचगव्य आयुर्वेद चिकित्सा: काळाची गरज

भारतीय स्वदेशी गावरान गाई द्वारे मिळत असलेले पंचगव्यातून गोविज्ञान अनुसंधान केंद्रात तयार झालेल्या किंवा त्यांच्या मार्गदर्शनाखाली इतर गौशाळांमधे निर्माण होत असलेले पंचगव्य मधील येणाऱ्या गोदुग्ध,दधि, तूप गोमूत्र आणि गोमय आदि द्रव्यांसह आयुर्वेद विविध औषधिद्रव्यां पासून तैयार झालेले औषध फार गुणकारी आहेत हे औषध आपल्या प्रत्येकाच्या घरी असले पाहिजे,हे आजच्या काळाची गरज आहे आणि हे आपण […]

Read More पंचगव्य आयुर्वेद चिकित्सा: काळाची गरज